आईसेक्ट विश्वविद्यालय, हजारीबाग के प्रबंधन विभाग की ओर से विद्यार्थियों के लिए बड़कागांव स्थित एनटीपीसी माइनिंग लिमिटेड के पकरी बरवाडीह कोल माइनिंग प्रोजेक्ट में एक शैक्षणिक औद्योगिक भ्रमण का आयोजन किया गया। इस भ्रमण का उद्देश्य विद्यार्थियों को औद्योगिक संचालन, प्रबंधन प्रणाली और वास्तविक व्यावसायिक वातावरण की व्यावहारिक जानकारी प्रदान करना था, ताकि वे कक्षा में अर्जित सैद्धांतिक ज्ञान को उद्योग जगत की वास्तविक कार्यशैली से जोड़ सकें।
यह शैक्षणिक भ्रमण डॉ ज़हबी सादका के मार्गदर्शन तथा डॉ अजय बर्नवाल व आयुष पांडेय के समन्वय में संपन्न हुआ। कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों ने बड़े औद्योगिक संगठन की कार्यप्रणाली को नजदीक से समझा और प्रबंधन के विभिन्न आयामों का व्यावहारिक अनुभव प्राप्त किया।
भ्रमण के तहत विद्यार्थी बड़कागांव के पकरी बरवाडीह स्थित एनएमएल सब-स्टेशन पहुंचे, जहां एनटीपीसी के अधिकारियों ने उनका स्वागत किया। इस दौरान एनटीपीसी के अधिकारी अरूणाभ मुखर्जी, अनिरूद्ध सिंह, एसके मधुकर, धीरेन्द्र सोनागरा, चंद्रशेखर, सुनील कुमार और अनिकेत आनंद ने विद्यार्थियों को परियोजना की कार्यप्रणाली, ऊर्जा क्षेत्र में इसकी भूमिका तथा औद्योगिक संचालन की प्रक्रिया की विस्तृत जानकारी दी। आयोजित ओरिएंटेशन सत्र में विद्यार्थियों को औद्योगिक प्रबंधन के विभिन्न पहलुओं से अवगत कराया गया।
भ्रमण का मुख्य आकर्षण माइनिंग साइट का गाइडेड टूर रहा, जहां विद्यार्थियों ने खनन प्रक्रिया का लाइव प्रदर्शन देखा। इस दौरान उन्होंने आधुनिक तकनीक, संचालन प्रबंधन, मानव संसाधन प्रबंधन, वित्तीय प्रबंधन, सप्लाई चेन और परियोजना प्रबंधन जैसे महत्वपूर्ण विषयों को व्यवहारिक रूप से समझा। प्लांट प्रबंधकों और इंजीनियरों के साथ आयोजित प्रश्नोत्तर सत्र में विद्यार्थियों ने करियर संभावनाओं, सतत विकास और औद्योगिक चुनौतियों पर विस्तार से चर्चा की।
एनटीपीसी के महाप्रबंधक फ़ैज़ तैयब ने कहा कि शिक्षा और उद्योग के बीच इस तरह का समन्वय विद्यार्थियों के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। इससे उन्हें वास्तविक कार्यप्रणाली को समझने और भविष्य के लिए बेहतर तैयारी करने का अवसर मिलता है।
भ्रमण के समापन पर विद्यार्थियों ने अपने अनुभव साझा किए। बीबीए की छात्रा श्रेया कुमारी ने कहा कि इस भ्रमण ने कक्षा में सीखे गए ज्ञान को व्यवहारिक रूप से समझने का अवसर दिया। कहकशां वारिस ने इसे प्रेरणादायक अनुभव बताया, जबकि सुरभि नायक ने कहा कि ऐसे शैक्षणिक भ्रमण विद्यार्थियों के व्यावसायिक कौशल के विकास और भविष्य के करियर निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। विद्यार्थियों ने एनटीपीसी प्रबंधन एवं अधिकारियों के सहयोग और आतिथ्य के प्रति आभार व्यक्त किया।
आईसेक्ट विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ गौरव शुक्ला ने कहा कि विश्वविद्यालय का उद्देश्य विद्यार्थियों को केवल सैद्धांतिक शिक्षा तक सीमित रखना नहीं, बल्कि उन्हें उद्योग जगत की वास्तविक चुनौतियों और कार्यप्रणाली से परिचित कराना है। कुलसचिव डॉ मुनीष गोविंद ने कहा कि विश्वविद्यालय विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए लगातार ऐसे अवसर उपलब्ध करा रहा है। समकुलपति डॉ एसआर रथ ने कहा कि इस तरह के औद्योगिक भ्रमण विद्यार्थियों के ज्ञान, दृष्टिकोण और व्यावसायिक समझ को व्यापक बनाते हैं तथा उन्हें रोजगारोन्मुख शिक्षा की दिशा में आगे बढ़ाते हैं।